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सर्पदंश के बाद अस्पताल नहीं, झाड़-फूंक पर भरोसा पड़ा भारी; कैमूर में महिला की मौत, परिवार में मातम

कैमूर में सर्पदंश से महिला की मौत: झाड़-फूंक के चक्कर में गई जान, अस्पताल पहुंचने से पहले तोड़ा दम

Bihar: कैमूर जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र के परसिया गांव में अंधविश्वास एक महिला की जान पर भारी पड़ गया। खाना बनाने के लिए घर में रखे उपले निकालने गई 50 वर्षीय महिला को जहरीले सांप ने डंस लिया। परिजन तत्काल अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक कराने में जुटे रहे। हालत लगातार बिगड़ने पर जब महिला को भभुआ सदर अस्पताल लाया गया, तब तक काफी देर हो चुकी थी। चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका की पहचान परसिया गांव निवासी विजयंता देवी (50 वर्ष), पति सुरेंद्र खरवार के रूप में हुई है। घटना बुधवार की सुबह करीब 11:30 बजे की बताई जा रही है।

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परिजनों के अनुसार विजयंता देवी घर में खाना बनाने की तैयारी कर रही थीं। इसी दौरान वह उपले निकालने गईं, जहां छिपे जहरीले सांप ने उन्हें डंस लिया। महिला ने तुरंत परिजनों को इसकी जानकारी दी, लेकिन उन्हें अस्पताल ले जाने के बजाय अधौरा क्षेत्र में झाड़-फूंक कराने के लिए ले जाया गया। काफी देर तक झाड़-फूंक चलती रही, लेकिन महिला की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। जब स्थिति गंभीर हो गई तो परिजन आनन-फानन में उन्हें भभुआ सदर अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां मौजूद चिकित्सकों ने जांच के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया।

महिला की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी घटना के बाद शोक का माहौल है। चैनपुर थानाध्यक्ष विजय प्रसाद ने बताया कि सर्पदंश से महिला की मौत की सूचना समाचार लिखे जाने तक थाने को प्राप्त नहीं हुई थी। सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक या घरेलू उपचार के बजाय पीड़ित को बिना समय गंवाए नजदीकी अस्पताल पहुंचाना चाहिए। समय पर उपचार से अधिकांश मामलों में जान बचाई जा सकती है।

 

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