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दोस्तों के साथ डैम घूमने पहुंचा था रोहित
जानकारी के अनुसार, रक्षाबंधन के अवसर पर रोहित अपने चार दोस्तों के साथ साइकिल से करमचट डैम घूमने पहुंचा था। डैम पर पहुंचने के बाद रोहित समेत तीन दोस्त जलाशय में नहाने लगे। इसी दौरान तैरते समय रोहित पानी के भंवर की चपेट में आ गया और देखते ही देखते गहरे पानी में समा गया। रोहित को डूबता देखकर उसके दोस्तों ने शोर मचाया। आसपास मौजूद लोगों को घटना की जानकारी दी गई। सूचना मिलते ही करमचट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों की मदद से छात्र की तलाश शुरू कराई गई।
अंधेरा और गहराई बनी तलाश में बाधा
घटना के बाद स्थानीय गोताखोरों ने काफी देर तक जलाशय में छात्र को खोजने का प्रयास किया, लेकिन कोई सुराग नहीं मिल सका। अंधेरा होने के कारण तलाशी अभियान में भी कई तरह की परेशानियां सामने आईं। इसके बाद शनिवार की सुबह भोजपुर-आरा से छह सदस्यीय एसडीआरएफ टीम करमचट डैम पहुंची। टीम ने दो बोट और प्रशिक्षित गोताखोरों की मदद से करीब चार से पांच घंटे तक जलाशय में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया। संभावित स्थानों पर तलाशी के बावजूद रोहित का पता नहीं चल सका।
करीब 25 फीट नीचे जाने पर ठंडे पानी से बढ़ी परेशानी
करमचट थानाध्यक्ष पंकज कुमार पासवान के अनुसार, स्थानीय गोताखोरों द्वारा तलाशी के दौरान करीब 25 फीट की गहराई तक जाने पर पानी काफी ठंडा पाया गया। अत्यधिक ठंडे पानी के कारण गोताखोरों को ज्यादा गहराई तक जाकर तलाश करने में कठिनाई हो रही थी। इसी वजह से शव की बरामदगी में देरी हुई। एसडीआरएफ अभियान के बाद भी स्थानीय गोताखोरों और ग्रामीणों की मदद से रोहित की तलाश लगातार जारी रही।
रविवार सुबह पानी के किनारे दिखा शव
लगातार करीब 42 घंटे तक चली तलाश के बाद रविवार सुबह करीब छह बजे जलाशय के किनारे पानी में रोहित का शव तैरता दिखाई दिया। शव देखते ही मौके पर मौजूद लोगों ने पुलिस और परिजनों को सूचना दी। पुलिस ने शव को पानी से बाहर निकलवाया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पंचनामा तैयार किया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भभुआ सदर अस्पताल भेज दिया गया। थानाध्यक्ष ने बताया कि पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
छोटे बेटे की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
रोहित की मौत की खबर मिलते ही रोहतास के लोहरा गांव में भी मातम पसर गया। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। रक्षाबंधन के मौके पर दोस्तों के साथ घूमने निकला परिवार का सबसे छोटा बेटा अब वापस नहीं लौट सका। ग्रामीणों के मुताबिक, रोहित पढ़ाई में भी अच्छा था और तीन भाइयों में सबसे छोटा होने के कारण पूरे परिवार का दुलारा था। उसकी असमय मौत से गांव में शोक की लहर है।