Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
पट्टा टूटते ही मजदूर पर गिरा भारी तार
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, निर्माण कार्य के दौरान जेसीबी मशीन की मदद से भारी वजन वाले तार को उठाया जा रहा था। इसी दौरान तार को थामे हुए पट्टा अचानक टूट गया, जिससे करीब तीन टन वजन का तार सीधे अशोक रजक के ऊपर गिर पड़ा। हादसा इतना भयावह था कि उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
हादसे के बाद भड़का गुस्सा, सड़क जाम
मजदूर की मौत की खबर मिलते ही परिजन और ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही का आरोप लगाते हुए निर्माण स्थल पर विरोध प्रदर्शन किया और जीटी रोड पर शव रखकर जाम लगा दिया। करीब एक घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान लोगों ने मृतक के आश्रितों को उचित मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को नौकरी तथा दोषी ठेकेदार और कंपनी प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
प्रशासन ने संभाली स्थिति
घटना की सूचना मिलते ही मोहनियां के बीडीओ मानेंद्र कुमार सिंह, सर्किल इंस्पेक्टर सुनील कुमार निर्झर और थानाध्यक्ष आलोक कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कुदरा थाना की पुलिस को भी बुलाया गया। अधिकारियों द्वारा समझाने-बुझाने और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद लोगों ने जाम समाप्त किया। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भभुआ भेज दिया।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी का आरोप
मृतक के पुत्र सूरज कुमार समेत परिजनों ने कंपनी प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। मजदूरों को हेलमेट, सेफ्टी बेल्ट या अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए थे। साथ ही भारी तार को क्रेन या हाइड्रा मशीन की बजाय कमजोर पट्टे के सहारे जेसीबी से उठाया जा रहा था, जिसके कारण यह हादसा हुआ।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
ग्रामीणों के अनुसार अशोक रजक परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे। उनकी मौत के बाद पत्नी विभा देवी, पांच पुत्रियों और एक पुत्र के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। पूरे गांव में घटना को लेकर शोक और आक्रोश का माहौल है। प्रशासन ने मामले की जांच और नियमानुसार आगे की कार्रवाई का आश्वासन दिया है।



