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आश्वासन के बाद सड़क से हटे ग्रामीण
सड़क जाम की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को सुना। ग्रामीणों की ओर से स्कूल निर्माण समेत अन्य समस्याओं से संबंधित आवेदन भी अधिकारियों को सौंपा गया। काफी देर तक हुई बातचीत के बाद अधिकारियों ने विभागीय स्तर पर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने सड़क से हटने पर सहमति जताई और करीब दो घंटे बाद NH-219 पर यातायात सामान्य हो सका।
वर्षों से स्कूल निर्माण की मांग
ग्रामीणों के अनुसार, गांव में स्कूल निर्माण की मांग काफी पुरानी है। उनका दावा है कि पूर्व में बिहार सरकार के मंत्री जमा खान की ओर से भी गांव में स्कूल निर्माण कराने का आश्वासन दिया गया था। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले चुनाव के दौरान भी मंत्री के गांव पहुंचने पर स्कूल निर्माण का मुद्दा उठाया गया था और करीब छह महीने के भीतर काम शुरू कराने की बात कही गई थी। हालांकि, ग्रामीणों के मुताबिक निर्धारित समय बीतने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया। इसी को लेकर ग्रामीणों में लगातार असंतोष बना हुआ था।
बच्चों ने भी बताई अपनी परेशानी
प्रदर्शन में गांव के बच्चे भी शामिल रहे। बच्चों ने कहा कि गांव में स्कूल की सुविधा नहीं होने के कारण पढ़ाई के लिए उन्हें दूसरे स्थानों पर जाना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि आवागमन और अन्य परेशानियों के कारण कई बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती है। ग्रामीणों ने स्कूल के अलावा गांव की सड़क, नाली और गलियों की बदहाल स्थिति का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना है कि इन बुनियादी सुविधाओं के अभाव में रोजमर्रा की जिंदगी में लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है।
NH-219 पर वाहनों की लगी कतार
प्रदर्शन के दौरान NH-219 पर करीब दो घंटे तक यातायात बाधित रहा। बिहार और उत्तर प्रदेश के बीच आवागमन करने वाले वाहनों के रुकने से सड़क के दोनों ओर लंबी कतारें लग गईं। इससे यात्रियों और वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति को देखते हुए पुलिस और प्रशासनिक टीम ने ग्रामीणों से बातचीत कर सड़क खाली कराई। ग्रामीणों के हटने के बाद राजमार्ग पर वाहनों का परिचालन फिर से शुरू हो गया।
CO ने कहा- आवेदन मिला, विभागीय स्तर पर होगी कार्रवाई
चैनपुर के सीओ आमिर आजमी ने बताया कि ग्रामीणों से बातचीत की गई है। उनकी मांगों से संबंधित आवेदन भी प्राप्त किया गया है। मामले में विभागीय स्तर पर आवश्यक कार्रवाई शुरू करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों से बातचीत के बाद सड़क जाम समाप्त करा दिया गया है और यातायात बहाल हो गया है। अब ग्रामीणों की नजर प्रशासनिक आश्वासन पर है। लोगों का कहना है कि वे लंबे समय से स्कूल निर्माण की मांग कर रहे हैं और चाहते हैं कि इस बार केवल आश्वासन तक मामला सीमित न रहे, बल्कि बच्चों के लिए स्कूल की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में ठोस कार्रवाई हो।



