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एसपी ने बताया कि मेजर को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस टीम लगातार प्रयास कर रही थी, वह अपने ठिकाने बदलता रहा और पुलिस उसके पीछे लगी रही, आरोपित भरगामा से भागने के बाद दिल्ली, नोएडा, मेरठ, गुड़गांव, हरियाणा आदि जगह पर गया, जहां पुलिस ने स्थानीय पुलिस की मदद से छापेमारी की, लेकिन वह बच निकला था, रविवार को वह नेपाल भागने की फिराक में अररिया पहुंचा था जहां से नेपाल भागने की तैयारी कर रहा था, जिसकी भनक पुलिस को लग गई और पुलिस ने उसे चांदनी चौक से पकड़ लिया।
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एसपी ने बताया कि उक्त युवक पर अररिया जिले में 3 मामले और पूर्णिया के जानकीनगर में एक मामला दर्ज है, इस मामले में मेजर जेल भी जा चुका है, पुलिस पूर्व के मामले में भी इसकी तलाश कर रही थी, इसके घर की कुर्की जब्ती करने की तैयारी में थी, इस बीच में एक और दुष्कर्म की घटना को अंजाम दे दिया, पुलिस आरोपी को सजा दिलाने के लिए विशेष पहल कर स्पीडी ट्रायल के जरिए सजा दिलाएंगी।
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भरगामा में मासूम बच्ची की दुष्कर्म के बाद आरोपित मेजर का नाम खूब वायरल हुआ था, जिसमें बताया गया था कि पूर्व मुखिया मोहम्मद शमशेर के पुत्र आरोपित मेजर की दबंगई से लोग परेशान है, उसके डर से लोग कुछ बोलने से परहेज करते हैं, पुलिस के रिकॉर्ड में भी मेजर के खिलाफ तीन मामले दुष्कर्म के 1 अनुसूचित जाति अत्याचार अधिनियम के दर्ज है, 1 दिसंबर को दुष्कर्म के पूर्व भरगामा थाने में अनुसूचित जाति उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया गया था, इस मामले की गिरफ्तारी नहीं हुई, जिस कारण उसका मनोबल और बढ़ा हुआ था, वही मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया जिससे पीड़ित परिवार के लोग इस की दबंगई से डरे हुए थे।
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