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दिवंगत शिक्षक के निधन की खबर सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गई, जिसके बाद जिलेभर के शिक्षकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और शिक्षा से जुड़े लोगों ने गहरी संवेदना व्यक्त की। बताया जाता है कि उनकी पत्नी भी सोनहन क्षेत्र में शिक्षिका के पद पर कार्यरत हैं। शिक्षक के असामयिक निधन पर बिहार राज्य प्रारंभिक शिक्षक संघ की ओर से चैनपुर में एक शोकसभा आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता संघ के प्रखंड अध्यक्ष दीवान हामिद खान ने की। इस दौरान उपस्थित शिक्षकों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा शोक संतप्त परिवार को इस दुख की घड़ी में धैर्य प्रदान करने की कामना की।
शोकसभा को संबोधित करते हुए दीवान हामिद खान ने कहा कि लालबाबू प्रसाद गोंड एक कर्मठ, ईमानदार और आदर्श शिक्षक थे। वे हमेशा शिक्षा की गुणवत्ता और शिक्षक हितों को लेकर सक्रिय रहते थे। उनके निधन से शिक्षक समाज ने एक समर्पित साथी को खो दिया है। उपस्थित शिक्षकों ने कहा कि उनका सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और शिक्षा के प्रति समर्पण सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत था। उनके निधन से न केवल विद्यालय परिवार बल्कि पूरे शिक्षा जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। शोकसभा में बाबुल शाह, उपेश कुमार, ज्वाला सिंह, संजय सक्सेना, सैयद अफाक नैयर सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं शिक्षाकर्मी मौजूद रहे और दिवंगत शिक्षक को श्रद्धांजलि अर्पित की।



