Homeबिहारसीमांचल को केंद्र शासित प्रदेश बनाने के दावे पर सियासत, पप्पू यादव...

सीमांचल को केंद्र शासित प्रदेश बनाने के दावे पर सियासत, पप्पू यादव के बयान को केंद्र ने बताया भ्रामक

सीमांचल को लेकर पप्पू यादव के केंद्र शासित प्रदेश बनाने के दावे पर सियासत तेज

Bihar: बिहार की राजनीति में सीमांचल क्षेत्र को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ़ पप्पू  यादव ने दावा किया है कि भविष्य में बिहार में राष्ट्रपति शासन लागू करने के बाद सीमांचल और पश्चिम बंगाल के कुछ जिलों को मिलाकर एक नया केंद्र शासित प्रदेश बनाया जा सकता है। हालांकि केंद्र सरकार ने इस दावे को पूरी तरह निराधार बताते हुए खारिज कर दिया है।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय

सांसद पप्पू यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि पहले पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति शासन लागू करने की रणनीति बनाई जा सकती है। इसके बाद बिहार विधानसभा से प्रस्ताव पारित कर सीमांचल क्षेत्र के साथ पश्चिम बंगाल के कुछ जिलों को जोड़कर एक नया प्रशासनिक ढांचा तैयार करने की योजना पर काम हो सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस कथित रणनीति के तहत बिहार में सत्ता परिवर्तन और प्रशासनिक फेरबदल की चर्चाएं भी चल रही हैं। पप्पू यादव के अनुसार सीमांचल के साथ पश्चिम बंगाल के मालदा, मुर्शिदाबाद, रायगंज और दिनाजपुर जैसे जिलों को मिलाकर केंद्र शासित प्रदेश बनाने की कोशिश की जा सकती है।

सांसद ने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री नितीश कुमार को हटाने और किसी पूर्व सैन्य अधिकारी को राज्यपाल बनाए जाने जैसी चर्चाएं भी इसी राजनीतिक योजना का हिस्सा हो सकती हैं। इससे पहले राष्ट्रीय जनता दल के विधायक रणविजय  साहू ने भी विधानसभा सत्र के दौरान इसी तरह के आरोप लगाए थे। उनका बयान उस समय सामने आया था जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सीमांचल क्षेत्र का तीन दिवसीय दौरा किया था। उनके दौरे के बाद विपक्षी दलों ने इस तरह की चर्चाओं को हवा दी थी।

हालांकि इन दावों पर केंद्र सरकार ने स्पष्ट रूप से सफाई दी है। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि बिहार और पश्चिम बंगाल के कुछ जिलों को मिलाकर कोई नया केंद्र शासित प्रदेश बनाने की योजना केंद्र सरकार के पास नहीं है। उन्होंने कहा कि इस तरह की बातें पूरी तरह भ्रामक हैं और लोगों को गुमराह करने के लिए फैलायी जा रही हैं। नित्यानंद राय ने कहा कि पप्पू यादव के बयान को गंभीरता से लेने की आवश्यकता नहीं है और लोगों को ऐसी अफवाहों से दूर रहना चाहिए। केंद्रीय मंत्री ने दोहराया कि केंद्र सरकार की ओर से बिहार और पश्चिम बंगाल के जिलों को मिलाकर किसी नए प्रशासनिक ढांचे या केंद्र शासित प्रदेश बनाने की कोई योजना नहीं है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments