Bihar, कैमूर: चैनपुर नगर पंचायत क्षेत्र स्थित हाटा आज़ाद हॉस्पिटल में सोमवार को विश्व मानवाधिकार दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर लोगों को मानवाधिकारों के महत्व और इनके संरक्षण को लेकर जागरूक किया गया। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और अस्पताल प्रबंधन की सक्रिय भागीदारी रही।
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कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. गुलाम साबिर, मानवाधिकार CWA के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि मानवाधिकार किसी सरकार या संस्था द्वारा दिया गया विशेष अधिकार नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक व्यक्ति को केवल मानव होने के नाते स्वतः प्राप्त होता है। उन्होंने कहा कि मानवाधिकार जाति, धर्म, लिंग, राष्ट्रीयता और सामाजिक स्थिति से ऊपर होते हैं और हर व्यक्ति को समान गरिमा और सुरक्षा प्रदान करते हैं।
डॉ. साबिर ने आगे बताया कि मानवाधिकारों में जीवन का अधिकार, स्वतंत्रता का अधिकार, दासता और यातना से मुक्ति, विचार एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, रोजगार, सम्मानपूर्वक काम करने और शिक्षा का अधिकार शामिल हैं। ये सभी अधिकार हर मानव को जन्म से प्राप्त होते हैं और किसी भी प्रकार का भेदभाव इन पर लागू नहीं होता। उन्होंने कहा कि समाज में जागरूकता ही मानवाधिकारों के संरक्षण का सबसे बड़ा माध्यम है।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को मानवाधिकारों से जुड़े कानूनों और उनके उपयोग, शिकायत निवारण तंत्र तथा नागरिक कर्तव्यों की जानकारी भी दी गई। बताया गया कि यदि नागरिक अपने अधिकारों के प्रति सजग हों, तो समाज अधिक सुरक्षित और न्यायपूर्ण बन सकता है।
कार्यक्रम में राकेश कुमार, ब्लॉक उपाध्यक्ष चैनपुर; राजा सोनी, ब्लॉक उपाध्यक्ष चैनपुर; अबरार मिर्ज़ा, रवि कुमार, सलीम इमरान सहित कई प्रतिष्ठित लोग मौजूद रहे। सभी ने संयुक्त रूप से ऐसे जागरूकता कार्यक्रम को समाज के लिए आवश्यक बताया।



