Bihar | कैमूर | मोहनिया: बेलौड़ी गांव में 13 फरवरी को दर्ज कराए गए हमले के मामले ने अब नया मोड़ ले लिया है। हिंदूवादी संगठन से जुड़े नेता उत्तम पटेल द्वारा अपने ऊपर हमले का आरोप लगाते हुए 18 नामजद और करीब 100 अज्ञात लोगों के खिलाफ मोहनिया थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। एफआईआर के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया।
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सोमवार दोपहर बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग—महिलाएं, पुरुष और बच्चे—मोहनिया थाना परिसर पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि मामला झूठा है और निर्दोष लोगों को फंसाया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने शांतिपूर्ण तरीके से धरना देते हुए सामूहिक गिरफ्तारी देने की बात भी कही।
बेलौड़ी पंचायत के मुखिया मीर इमरान सहित कई स्थानीय जनप्रतिनिधि भी थाने पहुंचे। मीर इमरान ने प्रशासन से निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग की। उनका कहना था कि यदि किसी प्रकार की साजिश हुई है तो उसका खुलासा होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि गांव में पहले से विभिन्न समुदायों के लोग आपसी सहमति से रहते आए हैं, लेकिन हालिया घटनाक्रम से अनावश्यक तनाव पैदा किया जा रहा है।
बेलौड़ी निवासी याहिया खान ने आरोप लगाया कि मामले को बेवजह तूल दिया जा रहा है। उनका कहना था कि यदि वास्तव में हमला हुआ था तो तत्काल पुलिस को सूचना दी जानी चाहिए थी। उन्होंने प्रशासन से तथ्यों के आधार पर कार्रवाई करने की मांग की।
करीब दो घंटे तक चले इस घटनाक्रम के बाद प्रशासनिक अधिकारियों के आश्वासन पर लोग शांत हुए और वापस लौट गए। मोहनिया डीएसपी प्रदीप कुमार ने बताया कि लोग अपनी बात रखने आए थे और निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच जारी है और जो तथ्य सामने आएंगे, उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और क्षेत्र में शांति व्यवस्था कायम रखने के प्रयास जारी हैं।



