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फर्जी प्रमाण पत्र पर नौकरी करने वाला शिक्षक गिरफ्तार, निगरानी जांच के बाद पुलिस की कार्रवाई

कैमूर: फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र पर नौकरी कर रहा पंचायत शिक्षक गिरफ्तार

Bihar: कैमूर जिले के चैनपुर प्रखंड में फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र के आधार पर शिक्षक की नौकरी करने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक पंचायत शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार शिक्षक की पहचान सत्येंद्र नाथ, पिता राजू प्रसाद, निवासी ग्राम कोइंदी थाना चैनपुर के रूप में हुई है।
पुलिस ने निगरानी अन्वेषण ब्यूरो द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी के आधार पर कार्रवाई करते हुए शिक्षक को हिरासत में लिया और मेडिकल जांच के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

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निगरानी विभाग की जांच में खुला था मामला
जानकारी के अनुसार चैनपुर थाना में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के पुलिस निरीक्षक सह सहायक जांचकर्ता जहांगीर अंसारी ने 2 मार्च 2026 को आवेदन देकर शिक्षक सत्येंद्र नाथ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आवेदन में बताया गया था कि सत्येंद्र नाथ का नियोजन वर्ष 2007 में पंचायत शिक्षक के रूप में प्राथमिक विद्यालय डीह गुलड़िया में हुआ था।
निगरानी विभाग द्वारा नियोजित शिक्षकों के शैक्षणिक एवं प्रशिक्षण प्रमाण पत्रों की जांच के दौरान उनके द्वारा प्रस्तुत शैक्षणिक प्रमाण पत्र की जांच की गई, जिसमें प्रमाण पत्र फर्जी पाया गया।

18 वर्षों से कर रहे थे नौकरी
जांच में सामने आया कि शिक्षक ने कथित रूप से फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र के आधार पर वर्ष 2007 में नौकरी हासिल की थी और लंबे समय से विद्यालय में कार्यरत थे। प्रमाण पत्र की सत्यता की जांच के दौरान संबंधित बोर्ड की ओर से स्पष्ट किया गया कि उनके नाम से कोई अभ्यर्थी उस परीक्षा में शामिल नहीं हुआ था, जिससे प्रमाण पत्र फर्जी होने की पुष्टि हुई।

पुलिस ने किया गिरफ्तार
मामले को लेकर चैनपुर थानाध्यक्ष विजय प्रसाद ने बताया कि निगरानी विभाग के आवेदन पर दर्ज प्राथमिकी के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी शिक्षक सत्येंद्र नाथ को गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तारी के बाद उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया और फिर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है और निगरानी विभाग की जांच के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।

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